आध्यत्मिक जीवन के जरिये मुक्ति पाने की चाह : हरि मां प्रियंका

0

मॉडल स्टार, एथलीट से आध्यात्मिकता के सफर पर हरि माँ प्रियंका

नैनीताल/देहरादून । मॉडल, स्टार, एथलीट से आध्यात्मिक सफर पर निकली हरि मां प्रियंका ने साध्वी जीवन अपना लिया है उनका मानना है कि आज जब संसार में सभी लोग धन-दौलत, शोहरत और अन्य भौतिक सुखों को हासिल करने के लिए दौड़ रहे हैं, केवल उनमें से कुछ ही लोगों को वास्तव में आध्यात्मिक ज्ञान की प्राप्ति होती है।
हरि मां प्रियंका उत्तराखण्ड देव भूमि में  जन्म-मरण के चक्र से मुक्ति की दिशा में चल रही हैं। हरि मां प्रियंका पिछले कुछ दिनों से उत्तराखंड के भ्रमण पर हैं।  नैनीताल की खूबसूरती से प्रभावित होकर मीडिया से आज अपने अनुभव सांझा करते हुए  उन्होंने कहा कि आध्यत्मिक जीवन मुक्ति पाने के मात्र साधन है। आने वाले दिनों में वह रानीखेत में महा अवतार बाबा की गुफा और नीम कैरोली बाबा के आश्रम जाएंगी।

हरि मां प्रियंका ने उत्तराखंड पहुंचने के बाद कहा, “मैं अब अपने असली घर पहुंच गई हूं। मैं रानीखेत जाकर महावतार बाबाजी की गुफा में जाऊंगी। बाबाजी मेरे परम पिता हैं। मैं आने वाले दिनों में नीम कैरोली बाबा के आश्रम जाना चाहती हूं। ” हरि मां ने बताया कि नीम कैरोली बाबा ने मुझे बार-बार कहा की मेरे घर आओ और मेरे यहां के लोगो से मिलो, मैंने कई बार ये यात्रा रद्द की, मैं स्थिर हूं, मुझे कभी कहीं जाने की इच्छा नहीं होती सब कुछ मुझमें है, मुझे कहीं जाने की जरूरत नहीं, पर बाबा कैरोली ने मुझे यहां बुला के छोड़ा। मैं आने वाले दिनों में नीम कैरोली बाबा के आश्रम में जाऊंगी।”

आध्यात्मिकता की राह पर चलने से पहले हरि मां प्रियंका एक मॉडल, स्टार, एथलीट थी। उन्होंने मार्शल आटर्स में बहुत से मेडल जीते हैं। उन्होंने भारत की सबसे बड़ी क्रिएटिव प्रॉडक्शन एजेंसियों में से एक का संचालन किया है। अपने अस्तित्व की अंतिम प्रकृति से तालमेल की जरूरत महसूस होने के बाद हरि मां प्रियंका ने सब कुछ शून्य को समर्पित कर दिया और मुक्ति की राह पर चल पड़ीं।

हरि मां प्रियंका ने कहा, “मैं ईश्वर का वाहन बन गई हूं, जो मैं पहले भी थी और भविष्य में भी रहूंगी। मेरी उनसे अलग कोई पहचान नहीं है। उनका वास्तविक व्यक्तित्व उनकी देवात्मा है। हालांकि हरि मां प्रियंका में आस्था रखने वाले श्रद्धालुओं की संख्या बहुत हैं, लेकिन वह उनसे कुछ भी दक्षिणा नहीं लेती। यहां तक कि वह कोई उपहार भी स्वीकार नहीं करतीं।

हरि मां प्रियंका के अनुयायियों के पास उन्हें देखकर और सुनकर ऊर्जा प्राप्त करने के तरीके के संबंध में कई कहानियां हैं। उनके कुछ अनुयायियों का दावा है कि वह अपने गुजरे हुए समय और भविष्य में जाने में सक्षम हैं, जबकि उनके कुछ अनुयायियों ने बताया कि हरि मां प्रियंका की शरण में जाने से उन्हें असीम मानसिक और आध्यात्मिक शांति मिलती है और उनके शरीर के रोंगटे खड़े हो जाते हैं। हरि मां प्रियंका को देखने और सुनने के बाद कुछ लोगों की आंखों से खुशी के मारे आंसू बहने लगते हैं। हालांकि मां का कहना है, “वह कुछ नही करतीं। आध्यात्मिक ज्ञान की दिव्य रोशनी सभी लोगों में मौजूद है, लेकिन वह किसी अन्य चीज की खोज में व्यस्त हैं।“

हरि मां प्रियंका जोर देकर कहती हैं, आध्यात्म और दिव्यता का प्रकाश सभी लोगों में हमेशा मौजूद रहता है, लेकिन मेरे बच्चों, आप सभी लोग कोई और चीज खोजने में व्यस्त रहते हैं। जो लोग जनम और मरण के असली अर्थ को समझने के इस सफर में हरि मां प्रियंका के साथ शामिल होना चाहते हैं उनका सादर स्वागत हैं। माँ व्यापार और भौतिक लक्ष्यों वाले लोगों का मनोरंजन नहीं करती हैं।

जो आत्माएं परिपक्वता कि ओर हैं और मुक्ति पथ पर चलने के लिए तैयार हैं, वे विश्व शांति गगार होटल, गगार, उत्तराखंड में मां के आशीर्वाद के लिए आ सकते हैं या नीचे दिए गए लिंक के माध्यम से भी संपर्क कर सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed