उत्तराखंड के अंडरग्रेजुएट विद्यार्थियों ने नेशनल फाइनेंशियल लिटरेसी क्विज़ 2026 में किया उत्कृष्ट प्रदर्शन
देहरादून। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ सिक्योरिटीज मार्केट्स (एनआईएसएम) ने भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के सहयोग नई दिल्ली के लोधी रोड स्थित SCOPE कन्वेंशन सेंटर में नेशनल फाइनेंशियल लिटरेसी क्विज़ (एनएफएलक्यू) 2026 के उत्तर क्षेत्रीय दौर का सफलतापूर्वक आयोजन किया। दो दिनों के कार्यक्रम में दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड तथा उत्तर भारत के दूसरे राज्यों से आए अंडरग्रेजुएट और पोस्टग्रेजुएट छात्र शामिल हुए। छात्रों ने वित्तीय बाज़ार, निवेश के नियमों, निवेशकों की सुरक्षा और ज़िम्मेदार वित्तीय आदतों से जुड़े विषयों पर सवाल-जवाब के स्वरूप में आयोजित प्रतियोगिता में हिस्सा लिया। मुंबई में 18-19 जुलाई को हुए पश्चिम क्षेत्रीय दौर के बाद, एनएफएलक्यू 2026 का दूसरा क्षेत्रीय दौर नई दिल्ली में आयोजित किया गया।
देश भर में शुरू की गई इस पहल में 4 लाख से ज़्यादा छात्रों ने अपने कॉलेजों और ऑनलाइन क्वालिफाइंग राउंड के ज़रिए हिस्सा लिया। उनके प्रदर्शन के आधार पर बेहतरीन टीमों को चुना गया जिन्होंने भारत के पूर्वी, दक्षिणी, उत्तरी, मध्य, पश्चिमी और पूर्वोत्तर क्षेत्रों में आयोजित होने वाले क्षेत्रीय दौरों में आगे बढ़ीं।
नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ सिक्योरिटीज मार्केट्स (एनआईएसएम) के डायरेक्टर, श्री सशी कृष्णन ने इसमें भाग लेने वाले सभी छात्रों को संबोधित करते हुए कहा, “वित्तीय साक्षरता का वास्तविक उद्देश्य केवल ज्ञान प्रदान करना नहीं, बल्कि युवाओं को सही समय पर सूचित, जिम्मेदार और आत्मविश्वासपूर्ण वित्तीय निर्णय लेने में सक्षम बनाना है। । एनएफएलक्यू वित्तीय साक्षरता को परस्पर बातचीत पर आधारित और एक प्रतिस्पर्धी माहौल में पेश करता है। इससे छात्र अपनी समझ को बेहतर बना पाते हैं, साथ ही उनमें वित्तीय परिवेश के बारे में जानने की इच्छा भी बढ़ती है। इस पहल को मिली ज़बरदस्त प्रतिक्रिया से साफ़ है कि भारत के युवाओं के बीच काम में आने वाली वित्तीय जानकारी पाने की इच्छा बढ़ रही है। एनआईएसएम एक ऐसा प्लेटफॉर्म्स तैयार करने के अपने इरादे पर अटल है, जो वित्तीय शिक्षा को आसान, मज़ेदार और उपयोगी बनाए।
भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के सीजीएम और क्षेत्रीय निदेशक, श्री विजयंत कुमार वर्मा ने कहा, “भारत के सिक्योरिटीज मार्केट को लगातार आगे बढ़ाने के लिए आज की युवा पीढ़ी का वित्तीय रूप से जागरूक होना बेहद ज़रूरी है। एनएफएलक्यू जैसी पहल, छात्रों को शुरुआती दौर में ही सोच-समझकर निवेश करने, निवेशकों के अधिकारों, बाज़ार के नियमों और जोखिम जैसे विषयों की जानकारी देकर, उन्हें वित्तीय व्यवस्था में जिम्मेदारी से भाग लेने के लिए तैयार करती है। सेबी की निवेशक शिक्षा से जुड़ी कोशिशों का मकसद इसी बुनियाद को मज़बूत करना और भारत के युवाओं को ज़्यादा जागरूकता और समझदारी के साथ वित्तीय फ़ैसले लेने के लिए प्रोत्साहित करना है।”
एनएफएलक्यू 2026, असल में एनआईएसएम की ओर से बड़े पैमाने पर शुरू किए गए उस जनसंपर्क कार्यक्रम का हिस्सा है जिसका उद्देश्य सिक्योरिटीज़ मार्केट के बारे में छात्रों की समझ को बेहतर बनाना और उन्हें सोच-समझकर वित्तीय निर्णय लेने के लिए प्रोत्साहित करना है। इस क्विज़ में फाइनेंशियल प्रोडक्ट्स, बाज़ार के कामकाज के तरीके, निवेशकों के अधिकार, इससे जुड़े नियम और बाज़ार के मध्यस्थों की भूमिका जैसे विषय शामिल हैं, जिससे प्रतिभागियों को भारत के फाइनेंशियल इकोसिस्टम के बारे में उपयोगी जानकारी मिलती है। यह पहल जुलाई से सितंबर 2026 तक चलेगी और इस दौरान मुंबई, नई दिल्ली, बेंगलुरु, भोपाल, गुवाहाटी और कोलकाता में इसके क्षेत्रीय दौर आयोजित किए जाएंगे। इन सभी दौर में सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाली टीमें नवंबर 2026 में होने वाले नेशनल फ़िनाले में पहुंचेंगी, जहां उन्हें महाराष्ट्र के रसायनी, पातालगंगा में स्थित एनआईएसएम के परिसर में राष्ट्रीय खिताब के लिए मुकाबला करना होगा।
महाराष्ट्र के रसायनी, पातालगंगा स्थित एनआईएसएम के परिसर में आयोजित ग्रैंड फ़िनाले में देश भर की बेहतरीन टीमें राष्ट्रीय खिताब के लिए मुक़ाबला करेंगी।
क्षेत्रीय दौर की हर श्रेणी में शीर्ष तीन विजेताओं के लिए इनाम की राशि इस प्रकार है:
अंडरग्रेजुएट श्रेणी:
· पहला इनाम – 40,000/- रुपये (BFSI विभाग, ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी)
· दूसरा इनाम – 30,000/- रुपये (कॉमर्स एवं फाइनेंस विभाग, क्वांटम स्कूल ऑफ़ ग्रेजुएट स्टडीज़)
· तीसरा इनाम – 20,000/- रुपये (प्रबंधन विभाग, मित्तल स्कूल ऑफ़ बिज़नेस)
पोस्टग्रेजुएट श्रेणी:
· पहला इनाम – 40,000/- रुपये (प्रबंधन विभाग, लाल बहादुर शास्त्री इंस्टीट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट)
· दूसरा इनाम – 30,000/- रुपये (प्रबंधन विभाग, भारतीय प्रबंधन संस्थान, काशीपुर)
· तीसरा इनाम –20,000/- रुपये (प्रबंधन विभाग, मित्तल स्कूल ऑफ़ बिज़नेस)
इसके अलावा, उत्तरी क्षेत्र के 12 अंडरग्रेजुएट कॉलेजों ने राष्ट्रीय चरणों में आगे बढ़ने के लिए अपनी जगह बनाई। चुने गए संस्थानों की सूची इस प्रकार है।
1. D BFSI विभाग, ग्राफ़िक एरा हिल यूनिवर्सिटी
2. कॉमर्स एवं फ़ाइनेंस विभाग, क्वांटम स्कूल ऑफ़ ग्रेजुएट स्टडीज़
3. प्रबंधन विभाग, मित्तल स्कूल ऑफ़ बिज़नेस
4. फैकल्टी ऑफ कॉमर्स, बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी
5. कॉमर्स, बिज़नेस मैनेजमेंट और इकोनॉमिक्स विभाग, DAV यूनिवर्सिटी
6. प्रबंधन विभाग, इनवर्टिस यूनिवर्सिटी, बरेली
7. प्रबंधन विभाग, GLA यूनिवर्सिटी
8. बीबीए/बीसीए विभाग, राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी
9. बिज़नेस एडमिनिस्ट्रेशन विभाग, एलनहाउस बिज़नेस स्कूल, कानपुर
10. प्रबंधन विभाग, चितकारा बिज़नेस स्कूल, राजपुरा
11. इंजीनियरिंग/बीबीए/बीसीए विभाग, डॉ. के. एन. मोदी इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, गाजियाबाद
12. कॉमर्स एवं प्रबंधन विभाग, पाल कॉलेज ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट, हल्द्वानी
उत्तरी क्षेत्र के 12 पोस्टग्रेजुएट कॉलेजों ने राष्ट्रीय चरणों में आगे बढ़ने के लिए अपनी जगह बनाई। चुने गए संस्थानों की सूची इस प्रकार है:
1. फैकल्टी ऑफ कॉमर्स, बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी
2. प्रबंधन विभाग, महाराजा अग्रसेन इंस्टीट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी
3. प्रबंधन विभाग, GLA यूनिवर्सिटी
4. प्रबंधन विभाग, ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी, भीमताल
5. प्रबंधन विभाग, लाल बहादुर शास्त्री इंस्टीट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट
6. प्रबंधन विभाग, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट, काशीपुर
7. प्रबंधन विभाग, मित्तल स्कूल ऑफ़ बिज़नेस
8. प्रबंधन विभाग, उत्तरांचल इंस्टीट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट
9. फाइनेंस विभाग, नई दिल्ली इंस्टीट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट
10. फाइनेंस और अकाउंटिंग विभाग, FORE स्कूल ऑफ़ मैनेजमेंट
11. प्रबंधन विभाग, स्कूल ऑफ़ मैनेजमेंट साइंसेज
12. आईएमबीए, सीनियर इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी
